जगदलपुर, 10 सितम्बर: जगदलपुर सर्किट हाउस में छत्तीसगढ़ सरकार के मंत्री केदार कश्यप पर एक गंभीर आरोप लगा है। आरोप है कि उन्होंने 6 सितम्बर ...
जगदलपुर, 10 सितम्बर: जगदलपुर सर्किट हाउस में छत्तीसगढ़ सरकार के मंत्री केदार कश्यप पर एक गंभीर आरोप लगा है। आरोप है कि उन्होंने 6 सितम्बर को सर्किट हाउस में कार्यरत दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी खितेन्द्र पाण्डे के साथ गाली-गलौज करते हुए जूता उठाकर मारने की धमकी दी और कॉलर पकड़कर कमरे में ले जाकर मारपीट की। इस घटना से कर्मचारी संगठन में गहरा आक्रोश है और उन्होंने पीड़ित कर्मचारी को न्याय दिलाने की मांग की है।
कर्मचारी संगठन का कहना है कि सत्ता पक्ष के नेताओं और अधिकारियों द्वारा दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों से दुर्व्यवहार की घटनाएं आम होती जा रही हैं। संगठन ने याद दिलाया कि विपक्ष में रहने के दौरान भाजपा नेताओं, जिनमें खुद केदार कश्यप, विजय शर्मा, अरुण साव और विष्णुदेव साय शामिल थे, ने नियमितिकरण का वादा किया था। लेकिन सत्ता में आने के बाद न सिर्फ वादा पूरा नहीं किया गया, बल्कि अब उसी पार्टी के मंत्री द्वारा कर्मचारियों का शोषण किया जा रहा है।
संगठन ने यह भी बताया कि जगदलपुर से रायपुर तक पैदल यात्रा कर पहुँचे दैनिक वेतन भोगी स्कूली सफाई कर्मचारी बीते 80 दिनों से आंदोलनरत हैं, लेकिन न सत्ता पक्ष और न ही विपक्ष उनकी सुध ले रहा है।
कर्मचारी संघ ने स्पष्ट कहा है कि यह मुद्दा केवल राजनीति तक सीमित न रहे, बल्कि सरकार निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करे। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि पीड़ित कर्मचारी को न्याय नहीं मिला और नियमितिकरण की लंबित मांगें पूरी नहीं की गईं, तो प्रदेशभर में दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
संगठन ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से अपील की है कि वे ‘‘विष्णु के सुशासन’’ और ‘‘मोदी की गारंटी’’ के वादे को साकार करते हुए प्रदेश के दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों का नियमितिकरण सुनिश्चित करें।


No comments