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कोहकापाल मामले में पुलिस का स्पष्टीकरण: नरबली की बात जांच में नहीं हुई पुष्ट, तंत्र-मंत्र की गतिविधि सामने आई

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जगदलपुर। नगरनार थाना क्षेत्र के ग्राम कोहकापाल में एक किशोर को कथित रूप से रोककर रखने और तंत्र-मंत्र से जुड़ी गतिविधि किए जाने के मामले में...

जगदलपुर। नगरनार थाना क्षेत्र के ग्राम कोहकापाल में एक किशोर को कथित रूप से रोककर रखने और तंत्र-मंत्र से जुड़ी गतिविधि किए जाने के मामले में बस्तर पुलिस ने महत्वपूर्ण स्पष्टीकरण जारी किया है। पुलिस के अनुसार, मामले की पिछले दो दिनों से लगातार जांच और पूछताछ की जा रही है। अब तक की जांच में किशोर की नरबली देने के प्रयास या नरबली की किसी योजना की पुष्टि नहीं हुई है।

पुलिस के मुताबिक, प्रकरण में पीड़ित/प्रार्थी, संबंधित व्यक्तियों और अन्य संभावित गवाहों से विस्तृत पूछताछ की गई। जांच में सामने आया कि कुछ व्यक्तियों द्वारा सोने का हंडा प्राप्त होने की अंधविश्वासपूर्ण धारणा के चलते किशोर के साथ तंत्र-मंत्र से संबंधित गतिविधियां की गई थीं।

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों में घटना को नरबली से जोड़कर प्रसारित की जा रही सूचनाएं अब तक की जांच में पुष्ट नहीं हुई हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे बिना सत्यापन के किसी भी अफवाह अथवा अपुष्ट सूचना पर विश्वास न करें और उसे सोशल मीडिया पर साझा करने से बचें।

दो मुख्य आरोपी हिरासत में:

घटना को गंभीरता से लेते हुए नगरनार थाना में अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि प्रकरण में BNS की धारा 127(2), 137(2), 351(2) और 3(5) के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई है।

मामले में अब तक दो मुख्य आरोपियों गोनसाय और लखीराम को हिरासत में लिया गया है। इसके अलावा पूजा-पाठ करने वाले व्यक्ति का नाम भी अपराध में जोड़ा गया है। आरोपियों से पूछताछ के साथ ही मामले में अन्य आवश्यक वैधानिक कार्रवाई जारी है।

बस्तर पुलिस ने कहा है कि प्रकरण की विवेचना अभी जारी है। जांच के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि घटना के संबंध में केवल सत्यापित और आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें। अफवाहों और अपुष्ट दावों को प्रसारित करने से बचें, ताकि जांच प्रभावित न हो और मामले के वास्तविक तथ्यों के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।


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